August 24, 2026 | 03:44:05
लखनऊ: लखनऊ विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. जे.पी. सैनी की अध्यक्षता में आज नवीन एवं आगामी शैक्षणिक सत्र की तैयारियों की समीक्षा हेतु समस्त संकायों के अध्यक्षों के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक प्रशासनिक भवन में संपन्न हुई। बैठक का मुख्य उद्देश्य नए सत्र में छात्र-छात्राओं के लिए पठन-पाठन की सुव्यवस्थित व्यवस्था सुनिश्चित करना, शैक्षणिक अनुशासन को सुदृढ़ बनाना तथा विभागों में स्वच्छता और कार्यप्रणाली का आधुनिकीकरण करना रहा।
विभागों की स्वच्छता और स्क्रैप निस्तारण के कड़े निर्देश
कुलपति महोदय ने परिसर एवं विभागों के भौतिक परिवेश पर विशेष ध्यान देते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी विभाग अपने परिसरों को स्वच्छ, सुंदर और बाधा-मुक्त बनाएं।
उन्होंने निर्देश दिए कि सभी संकायों और विभागों में नियमित व सघन सफाई अभियान चलाकर पुराने कूड़े, मलबे और अनुपयोगी सामग्रियों का तत्काल निस्तारण किया जाए। विभागों, प्रयोगशालाओं और कार्यालयों में वर्षों से निष्प्रयोज्य पड़े पुराने फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और कबाड़ (स्क्रैप) को नियमानुसार ‘फॉर्म संख्या-10’ भरकर अविलंब राइट-ऑफ कराया जाए, ताकि कमरों व गलियारों में व्यर्थ स्थान खाली हो सके और शैक्षणिक गतिविधियों के लिए अतिरिक्त जगह उपलब्ध हो।
आगामी सत्र के सुचारू पठन-पाठन की रूपरेखा
बैठक में आगामी शैक्षणिक सत्र को समयबद्ध और प्रभावी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए गए। सभी विभागाध्यक्ष यह सुनिश्चित करेंगे कि सत्र के पहले दिन से ही टाइम-टेबल के अनुसार कक्षाएं नियमित और निर्बाध रूप से संचालित हों। प्रायोगिक विषयों की प्रयोगशालाओं में उपकरण, केमिकल्स और अन्य तकनीकी सुविधाएं पूर्णतः दुरुस्त रहें ताकि विद्यार्थियों के व्यावहारिक ज्ञान में कोई बाधा न आए। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (छम्च्) के अनुरूप पाठ्यक्रमों के अध्यापन, आंतरिक मूल्यांकन और मार्गदर्शन की पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करने पर बल दिया गया।
कुलपति का वक्तव्य
माननीय कुलपति प्रो. जे.पी. सैनी ने कहा, “लखनऊ विश्वविद्यालय निरंतर शैक्षणिक गुणवत्ता, अनुसंधान और सुशासन के नए मानक स्थापित कर रहा है। आगामी सत्र में विद्यार्थियों का पठन-पाठन पूरी तरह व्यवस्थित, नवाचार-युक्त और समयबद्ध होना चाहिए। एक श्रेष्ठ शैक्षणिक वातावरण के लिए विभाग का स्वच्छ, व्यवस्थित और सकारात्मक होना अत्यंत आवश्यक है। सभी संकाय और विभाग ‘फॉर्म संख्या-10’ के तहत कबाड़ व अनुपयोगी वस्तुओं का त्वरित निस्तारण कर अपने परिसरों को क्लटर-फ्री और आधुनिक बनाएं।”
बैठक में कुलसचिव, सभी संकायों के अध्यक्ष तथा वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने कुलपति महोदय द्वारा दिए गए निर्देशों का तय समय-सीमा के भीतर अनुपालन सुनिश्चित करने का संकल्प व्यक्त किया।